क्या काबुल में हुआ भीषण हमला
अफगानिस्तान की राजधानी काबुल एक बड़े हमले से दहल गई। बताया जा रहा है कि हवाई हमले में एक अस्पताल बुरी तरह तबाह हो गया। शुरुआती खबरों के मुताबिक सैकड़ों लोगों की जान चली गई। घायलों की संख्या भी बहुत ज्यादा बताई जा रही है। अस्पताल में नशा मुक्ति का इलाज चल रहा था। हमले के बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। इस घटना ने पूरे देश को सदमे में डाल दिया है।
क्या अस्पताल बना हमले का निशाना
अफगान अधिकारियों का कहना है कि हमला उस अस्पताल पर हुआ जहां इलाज चल रहा था। इस अस्पताल में कई मरीज भर्ती थे। हमले के बाद इमारत का बड़ा हिस्सा ढह गया। शुरुआती रिपोर्ट में मृतकों की संख्या करीब 400 बताई गई। वहीं 250 से ज्यादा लोग घायल बताए जा रहे हैं। कई परिवारों ने अपने प्रियजनों को खो दिया। इस त्रासदी ने पूरे अफगानिस्तान को शोक में डुबो दिया है।
क्या राशिद खान ने जताया गुस्सा
अफगानिस्तान के स्टार क्रिकेटर राशिद खान ने इस घटना पर कड़ी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने सोशल मीडिया पर अपना गुस्सा जाहिर किया। राशिद ने कहा कि नागरिकों को निशाना बनाना बेहद अमानवीय है। उन्होंने इसे साफ तौर पर युद्ध अपराध बताया। उनका कहना है कि घरों, स्कूलों या अस्पतालों पर हमला किसी भी हालत में सही नहीं हो सकता। इस घटना से पूरी दुनिया को चिंता करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि इंसानी जान की कीमत सबसे ज्यादा होती है।
क्या अंतरराष्ट्रीय जांच की मांग
राशिद खान ने इस घटना की अंतरराष्ट्रीय जांच की मांग की है। उन्होंने संयुक्त राष्ट्र और मानवाधिकार संगठनों से अपील की। राशिद का कहना है कि इस हमले की सच्चाई सामने आनी चाहिए। जो भी जिम्मेदार हैं उन्हें जवाबदेह ठहराया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि अफगान जनता इस समय गहरे दुख में है। लेकिन देश इस मुश्किल समय से बाहर निकलेगा। उन्होंने अपने लोगों के साथ खड़े रहने की बात भी कही।
क्या मोहम्मद नबी ने भी दुख जताया
अफगानिस्तान के अनुभवी क्रिकेटर मोहम्मद नबी ने भी इस घटना पर दुख जताया। उन्होंने कहा कि इस हमले ने उम्मीद की रोशनी बुझा दी। उनके मुताबिक अस्पताल में इलाज कराने आए कई युवा मारे गए। कई माताएं अपने बेटों को पुकारती रह गईं। रमजान के पवित्र महीने में यह घटना और भी दर्दनाक है। नबी ने कहा कि यह हादसा अफगान जनता के दिल को तोड़ देने वाला है। उनकी बातों में गहरा दर्द दिखाई दिया।
क्या पाकिस्तान ने आरोप नकारे
इस पूरे मामले में पाकिस्तान ने आरोपों को खारिज कर दिया है। पाकिस्तान का कहना है कि उसने किसी नागरिक इलाके को निशाना नहीं बनाया। अधिकारियों के अनुसार कार्रवाई आतंकियों के ठिकानों पर की गई थी। उनका दावा है कि यह कदम सुरक्षा के लिए उठाया गया। पाकिस्तान ने कहा कि वह नागरिकों को नुकसान पहुंचाने के आरोप को स्वीकार नहीं करता। इस बयान के बाद विवाद और बढ़ गया है।
क्या सीमा पर बढ़ रहा तनाव
अफगानिस्तान और पाकिस्तान के बीच तनाव पहले से बढ़ा हुआ है। पिछले कई दिनों में सीमा पर कई बार झड़पें हो चुकी हैं। दोनों देशों की सेनाओं के बीच टकराव की खबरें सामने आई हैं। बताया जा रहा है कि फरवरी से हालात ज्यादा बिगड़ने लगे। दोनों पक्ष एक-दूसरे पर हमलों का आरोप लगा रहे हैं। पाकिस्तान ने इसे खुला संघर्ष बताया है। वहीं अफगानिस्तान इसे अपनी संप्रभुता की रक्षा का मामला बता रहा है।

























