नई दिल्ली. भाजपा संगठनात्मक चुनावों के मद्देनजर आज प्रधानमंत्री आवास पर बड़ी बैठक हुई। इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के अलावा गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और भाजपा के राष्ट्रीय संगठन मंत्री बीएल संतोष मौजूद रहे। प्रधानमंत्री मोदी की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव पर भी चर्चा हुई। राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव की घोषणा एक सप्ताह के भीतर की जा सकती है। सूत्रों का कहना है कि बैठक में राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव के साथ ही उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश समेत कई राज्यों के भाजपा प्रदेश अध्यक्षों के नामों पर भी चर्चा हुई। अगले दो-तीन दिन में आधा दर्जन प्रदेश अध्यक्षों के नामों की घोषणा हो सकती है। इसका मतलब यह है कि भाजपा 18/19 अप्रैल तक कई प्रदेश अध्यक्षों की घोषणा कर सकती है। साथ ही भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव की घोषणा 20 अप्रैल के बाद कभी भी हो सकती है।
राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव और भाजपा की रणनीति
इस प्रकार भारतीय जनता पार्टी को जल्द ही नया राष्ट्रीय अध्यक्ष मिल जाएगा। इससे पहले उत्तर प्रदेश, कर्नाटक, तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल समेत कई राज्यों के प्रदेश अध्यक्षों के नामों की घोषणा की जाएगी। राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव न केवल पार्टी संगठन को नई दिशा देगा बल्कि आगामी विधानसभा चुनाव की रणनीति में भी काफी अहम होगा।
ऐसा होगा भाजपा का नया अध्यक्ष
इस संगठनात्मक परिवर्तन का भारतीय जनता पार्टी की चुनावी रणनीतियों पर बड़ा प्रभाव पड़ सकता है। राष्ट्रपति चुनाव जनवरी में होने थे, लेकिन अप्रैल का आधा महीना बीत चुका है और अभी तक चुनाव नहीं हुए हैं। माना जा रहा है कि अध्यक्ष पद के चुनाव में ऐसे नेता को तरजीह दी जा रही है जो संगठन को मजबूत कर सके। जानकारी यह भी सामने आ रही है कि भारतीय जनता पार्टी को नया अध्यक्ष मिलने के बाद 50 प्रतिशत राष्ट्रीय महासचिवों की भी छुट्टी कर दी जाएगी। इसके साथ ही नए अध्यक्ष की टीम में युवा नेताओं को महासचिव के तौर पर जगह दी जा सकती है। इसके अलावा कुछ सरकारी नेताओं को भी संगठन में लाया जा सकता है।
जल्द होगा भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव
जल्द होगा भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव, 20 अप्रैल के बाद कभी भी हो सकता है ऐलान, प्रदेश अध्यक्षों के नामों पर भी हो रही चर्चा. भाजपा राष्ट्रीय एवं प्रदेश अध्यक्ष: भाजपा संगठनात्मक चुनावों के मद्देनजर आज प्रधानमंत्री आवास पर बड़ी बैठक हुई। इसमें यूपी और एमपी समेत कई राज्यों के बीजेपी प्रदेश अध्यक्षों के नामों पर भी चर्चा हुई। प्रधानमंत्री की अध्यक्षता में हुई बैठक में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव पर भी चर्चा हुई। राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव की घोषणा 20 अप्रैल के बाद किसी भी समय की जाएगी।
भाजपा संगठनात्मक चुनावों के मद्देनजर आज…
प्रधानमंत्री आवास पर बड़ी बैठक हुई। इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के अलावा गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और भाजपा के राष्ट्रीय संगठन मंत्री बीएल संतोष मौजूद रहे। प्रधानमंत्री मोदी की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव पर भी चर्चा हुई। राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव की घोषणा एक सप्ताह के भीतर की जा सकती है।
सूत्रों का कहना है कि बैठक में राष्ट्रीय अध्यक्ष के…
चुनाव के साथ ही उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश समेत कई राज्यों के भाजपा प्रदेश अध्यक्षों के नामों पर भी चर्चा हुई। अगले दो-तीन दिन में आधा दर्जन प्रदेश अध्यक्षों के नामों की घोषणा हो सकती है। इसका मतलब यह है कि भाजपा 18/19 अप्रैल तक कई प्रदेश अध्यक्षों की घोषणा कर सकती है। साथ ही भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव की घोषणा 20 अप्रैल के बाद कभी भी हो सकती है।
राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव और भाजपा की रणनीति
इस प्रकार भारतीय जनता पार्टी को जल्द ही नया राष्ट्रीय अध्यक्ष मिल जाएगा। इससे पहले उत्तर प्रदेश, कर्नाटक, तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल समेत कई राज्यों के प्रदेश अध्यक्षों के नामों की घोषणा की जाएगी। राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव न केवल पार्टी संगठन को नई दिशा देगा बल्कि आगामी विधानसभा चुनाव की रणनीति में भी काफी अहम होगा।
ऐसा होगा भाजपा का नया अध्यक्ष
इस संगठनात्मक परिवर्तन का भारतीय जनता पार्टी की चुनावी रणनीतियों पर बड़ा प्रभाव पड़ सकता है। राष्ट्रपति चुनाव जनवरी में होने थे, लेकिन अप्रैल का आधा महीना बीत चुका है और अभी तक चुनाव नहीं हुए हैं। माना जा रहा है कि अध्यक्ष पद के चुनाव में ऐसे नेता को तरजीह दी जा रही है जो संगठन को मजबूत कर सके। जानकारी यह भी सामने आ रही है कि भारतीय जनता पार्टी को नया अध्यक्ष मिलने के बाद 50 प्रतिशत राष्ट्रीय महासचिवों की भी छुट्टी कर दी जाएगी। इसके साथ ही नए अध्यक्ष की टीम में युवा नेताओं को महासचिव के तौर पर जगह दी जा सकती है। इसके अलावा कुछ सरकारी नेताओं को भी संगठन में लाया जा सकता है।

























