घटना इंडोनेशिया के Aceh प्रांत की है।यहां शरिया कानून पूरी तरह लागू है।आरोप था कि अविवाहित प्रेमी जोड़े ने शादी के बाहर यौन संबंध बनाए और शराब पी।स्थानीय नियमों के मुताबिक यह गंभीर अपराध है।इसी आधार पर अदालत के आदेश पर सार्वजनिक सजा दी गई।इलाके में ऐसे मामलों में कोड़े मारना कानूनी माना जाता है।
सार्वजनिक पार्क में सजा कैसे दी गई?
29 जनवरी 2026 को बांडा आचे शहर के एक सार्वजनिक पार्क में सजा सुनाई गई।दर्जनों लोग मौके पर मौजूद थे।शरिया पुलिस ने बांस की पतली छड़ी से पीठ पर कोड़े मारे।सजा खुलेआम दी गई।भीड़ खामोशी से यह सब देखती रही।घटना के वीडियो और तस्वीरें सोशल मीडिया पर फैल गईं।
कुल कितने कोड़े मारे गए?
शरिया पुलिस प्रमुख मुहम्मद रिजल के अनुसार जोड़े को कुल 140-140 कोड़े मारे गए।इनमें 100 कोड़े शादी से बाहर संबंध के लिए थे।40 कोड़े शराब पीने के लिए दिए गए।यह सजा छह लोगों के एक समूह को दी गई।हाल के वर्षों में यह सबसे कठोर सजाओं में गिनी जा रही है।
सजा के दौरान महिला की हालत क्या हुई?
कोड़े लगने के दौरान महिला की तबीयत बिगड़ गई।वह मौके पर ही बेहोश हो गई।तुरंत एम्बुलेंस बुलाकर अस्पताल पहुंचाया गया।मौके पर मौजूद पत्रकारों ने इसकी पुष्टि की।पुरुष आरोपी ने भी गंभीर दर्द सहा।सजा पूरी होने के बाद दोनों को अलग-अलग ले जाया गया।
अधिकारियों ने नियमों पर क्या कहा?
शरिया पुलिस प्रमुख ने कहा कि नियम सभी पर समान हैं।उन्होंने कहा कि किसी को भी बख्शा नहीं जाता।यहां तक कि विभाग के लोग भी माफ नहीं होते।उनका कहना था कि नियम तोड़ने से विभाग और कानून की छवि खराब होती है।इसीलिए सख्ती जरूरी है।
आचे में शरिया कानून कब और कैसे लागू हुआ?
2001 में इंडोनेशिया सरकार ने आचे को विशेष स्वायत्तता दी।उद्देश्य अलगाववादी आंदोलन को शांत करना था।इसके बाद शरिया कानून लागू किया गया।2015 में आपराधिक संहिता बनी।इसमें जुआ शराब समलैंगिक संबंध और शादी से बाहर सेक्स पर कोड़े की सजा का प्रावधान है।
क्या यह अब तक की सबसे बड़ी सजा मानी जा रही है?
स्थानीय रिपोर्टों के मुताबिक 2001 के बाद यह सबसे ज्यादा कोड़ों वाली सजा है।आचे में ऐसे मामले पहले भी सामने आते रहे हैं।लेकिन 140 कोड़े दुर्लभ माने जाते हैं।मानवाधिकार संगठनों ने चिंता जताई है।मामले ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी बहस छेड़ दी है।

























