लखनऊ यूनिवर्सिटी के लाल बरादरी कैंपस में अचानक तनाव का माहौल बन गया।यह इमारत पुरानी है और मरम्मत का कार्य जारी है।प्रशासन ने सुरक्षा के लिए बैरिकेड लगाए थे।कुछ छात्रों ने बैरिकेड हटाकर नमाज अदा की।इससे अन्य छात्र समूहों में नाराजगी बढ़ी।कैंपस में बहस और चर्चा शुरू हुई।स्थिति धीरे-धीरे तनावपूर्ण बन गई।
नमाज के बाद विरोध क्यों हुआ?
नमाज की घटना के बाद कुछ छात्र संगठनों ने विरोध जताया।उन्होंने कहा कि धार्मिक गतिविधियों पर समान नियम लागू होने चाहिए।कैंपस में नारेबाजी भी हुई।दोनों पक्षों के बीच तीखी बहस देखी गई।कुछ स्थानों पर धक्का-मुक्की की स्थिति बनी।प्रशासन को हस्तक्षेप करना पड़ा।पुलिस को बुलाकर स्थिति नियंत्रित की गई।
हनुमान चालीसा पाठ के दौरान क्या हुआ?
अगले दिन कुछ छात्र समूहों ने यूनिवर्सिटी के पास हनुमान चालीसा का पाठ किया।उनका कहना था कि नियम सभी के लिए समान होने चाहिए।कुछ प्रदर्शनकारियों ने बैरिकेड पार करने की कोशिश की।पुलिस ने उन्हें रोक दिया।इस दौरान हल्की नोकझोंक हुई।पुलिस ने समझाकर भीड़ हटाई।कैंपस के बाहर सुरक्षा बढ़ा दी गई।
पुलिस ने क्या कार्रवाई की?
लखनऊ पुलिस ने घटना में शामिल छात्रों को नोटिस जारी किए।कुल 13 छात्रों को जांच के लिए बुलाया गया।रिपोर्ट में बैरिकेड हटाने से कार्य में बाधा का जिक्र हुआ।सार्वजनिक स्थान पर धार्मिक गतिविधि से शांति भंग की आशंका बताई गई।छात्रों को शांति बनाए रखने की चेतावनी दी गई।मुचलके और जमानतदार की शर्त रखी गई।जांच जारी है।
प्रशासन का क्या कहना है?
यूनिवर्सिटी प्रशासन ने कहा कि इमारत जर्जर है और मरम्मत जारी है।सुरक्षा कारणों से बैरिकेड लगाए गए थे।प्रशासन ने धार्मिक पक्षपात के आरोपों को खारिज किया।सभी छात्रों से शांति बनाए रखने की अपील की गई।नियमों के पालन पर जोर दिया गया।विवाद से बचने के लिए बैठकें हो रही हैं।प्रशासन स्थिति को संवेदनशील मान रहा है।
छात्र राजनीति की भूमिका कितनी रही?
घटना ने कैंपस में छात्र राजनीति की भूमिका को भी सामने लाया।विभिन्न छात्र संगठनों के विचार टकराए।कुछ ने इसे धार्मिक स्वतंत्रता का मुद्दा बताया।अन्य ने नियम पालन पर जोर दिया।सोशल मीडिया पर भी चर्चा तेज हुई।इससे माहौल और संवेदनशील बना।कैंपस प्रबंधन के लिए चुनौती बढ़ी।
क्या हालात अब नियंत्रण में हैं?
पुलिस और प्रशासन के हस्तक्षेप के बाद हालात नियंत्रण में बताए जा रहे हैं।कैंपस में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात है।छात्रों से शांति बनाए रखने की अपील की गई।दोनों पक्ष समान नियम लागू करने की मांग कर रहे हैं।तनाव कम हुआ लेकिन चर्चा जारी है।जांच रिपोर्ट का इंतजार है।घटना ने संवेदनशीलता की याद दिलाई।
























