मुथरा न्यूज. मंगलवार रात आगरा-दिल्ली राष्ट्रीय राजमार्ग पर स्थित मथुरा की इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन रिफाइनरी में जोरदार धमाका हुआ, जिसमें 12 लोग घायल हो गए। घटना के बाद सोशल मीडिया पर वीडियो सामने आए, जिनमें दूर-दूर तक उठती लपटें दिखाई दीं। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, रिफाइनरी से एक तेज धमाके की आवाज सुनाई दी, जिसके बाद वहां आग की लपटें उठने लगीं। वरिष्ठ कॉर्पोरेट मैनेजर रेनू पाठक ने बताया कि इस घटना में लगभग 12 लोग घायल हो गए हैं। रिफाइनरी प्रबंधन ने घटना की जांच के आदेश दिए हैं ताकि विस्फोट के कारणों का पता लगाया जा सके।
मेंटेनेंस के बाद शुरू हुई थी यूनिट
रेनू पाठक ने बताया कि धमाके के बाद मुख्य प्लांट की एटमॉस्फेरिक वैक्यूम यूनिट (एवीयू) में आग लग गई थी, जिसे डेढ़ महीने के रखरखाव कार्य के बाद दोबारा शुरू किया जा रहा था। इस दुर्घटना में आठ कर्मचारियों को जलने से चोटें आई हैं। इनमें से पांच कर्मचारियों का तुरंत रिफाइनरी के चिकित्सा केंद्र में इलाज किया गया, जबकि गंभीर रूप से घायल तीन अन्य कर्मचारियों को दिल्ली के अपोलो अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
आग पर काबू और यातायात रोका गया
रिफाइनरी पुलिस स्टेशन के इंस्पेक्टर सोनू कुमार ने बताया कि धमाका रात 8:30 बजे से 9:00 बजे के बीच हुआ। आग को रिफाइनरी की टीम ने आंतरिक स्तर पर नियंत्रित करने का प्रयास किया और स्थिति काबू में आने के बाद ही स्थानीय प्रशासन को सूचना दी गई। घटना के दौरान सुरक्षा के मद्देनजर रिफाइनरी के सामने के राजमार्ग पर यातायात को अस्थायी रूप से रोक दिया गया।
मुख्यमंत्री ने दिए घायलों के इलाज के निर्देश
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि घायलों को सर्वोत्तम चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराई जाए। यह घटना उस वक्त हुई है जब एक दिन पहले गुजरात के वडोदरा में इंडियन ऑयल रिफाइनरी के बेंजीन टैंक में भी धमाका हुआ था। उस घटना में दो लोगों की मौत हो गई थी और एक आईओसीएल अधिकारी घायल हो गए थे। इस तरह की दुर्घटनाएं इंडियन ऑयल की सुरक्षा व्यवस्थाओं पर सवाल खड़े करती हैं और रिफाइनरी प्रबंधन के सामने यह चुनौती है कि वे कर्मचारियों की सुरक्षा के लिए ठोस कदम उठाएं।

























