पंजाब न्यूज. पंजाब विधानसभा अध्यक्ष कुलतार सिंह संधवान का एक बयान चर्चा का विषय बन गया है। उन्होंने कहा है कि पंजाबियों को एक बच्चा पैदा करने की प्रथा छोड़ देनी चाहिए। पंजाबियों को दो, तीन या चार बच्चे पैदा करने चाहिए। जैसे पंजाब को हरा-भरा रखने के लिए पेड़ों और हरियाली की ज़रूरत है, वैसे ही हर पंजाबी को दो, दो या तीन बच्चे पैदा करने चाहिए। उन्होंने कहा कि पंजाबियों की सोच है कि एक बच्चा ही काफी है, लेकिन यह गलत है।
स्पीकर ने कहा कि आजकल लोग एक ही बच्चा पैदा करते हैं, वह बच्चा भी विदेश चला जाता है और बाद में माता-पिता अकेले रह जाते हैं। उनके लिए यह जीवन किसी नर्क से कम नहीं है। पंजाबियों को इस पर विचार करना होगा, वरना उनके लिए चुनौतियाँ खड़ी हो जाएँगी। उन्होंने कहा कि पंजाब में नशे के बढ़ते चलन के पीछे एक बच्चा पैदा करना और उसे लाड़-प्यार देना भी है।
कुलतार संधवान ने कहा कि पंजाब में नशे के बढ़ते प्रचलन का एक कारण बच्चों का अत्यधिक लाड़-प्यार है, क्योंकि हम अपने इकलौते बच्चे को बहुत लाड़-प्यार करते हैं। इसके साथ ही, बच्चों के विदेश जाने का चलन बढ़ा है, जिससे पंजाब में पंजाबियों की आबादी को कई समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। ये आने वाले समय में गंभीर स्थानीय समस्याओं का रूप ले लेंगी। समय की मांग है कि पंजाबी एक बच्चे की मानसिकता को त्यागें, नस्ल बचाने के लिए एक दंपत्ति को दो या तीन बच्चे पैदा करने ही होंगे।

























