दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ दो टेस्ट की सीरीज़ में भारत पहले से ही 0–1 से पीछे चल रहा है। ऐसे में दूसरे टेस्ट से ठीक पहले कप्तान शुभमन गिल का बाहर होना टीम के लिए बड़ा झटका है। गुवाहाटी टेस्ट अब भारत के लिए करो या मरो जैसा मुकाबला बन गया है। अगर यह मैच जीते बिना रहा तो सीरीज़ हाथ से निकल जाएगी। टीम मैनेजमेंट पर सही कप्तान चुनने और प्लेइंग इलेवन संतुलित रखने का दबाव और बढ़ गया है। फैंस भी अब चिंतित हैं कि बिना गिल के टीम कैसे वापसी करेगी।
कब और कैसे चोटिल हुए शुभमन गिल?
कोलकाता टेस्ट के दौरान शुभमन गिल को अचानक गर्दन में तेज दर्द महसूस हुआ। इसी वजह से उन्हें पहली पारी के बीच में ही रिटायर्ड हर्ट होकर मैदान छोड़ना पड़ा। बाद में वे दूसरी पारी में भी बल्लेबाज़ी करने नहीं उतर सके। जांच के बाद डॉक्टरों ने आराम की सलाह दी। BCCI की मेडिकल टीम ने स्थिति का जायज़ा लिया और आगे खेलने का जोखिम न लेने का फैसला किया। इसी के बाद यह साफ हुआ कि गुवाहाटी टेस्ट में गिल नहीं खेल पाएंगे।
क्या कोलकाता हार में गिल की कमी दिखी?
कोलकाता टेस्ट में भारत को 124 रन का आसान लक्ष्य मिला था। इसके बावजूद टीम 30 रन से मैच हार गई। टॉप ऑर्डर लगातार लड़खड़ाता रहा और कोई भी बल्लेबाज़ पारी को संभाल नहीं पाया। ऐसे समय पर शुभमन गिल जैसे भरोसेमंद बल्लेबाज़ की कमी साफ दिखी। गिल अगर फिट होते तो शायद रन चेज़ का दबाव कम होता। हार के बाद से ही सवाल उठ रहे थे कि टीम की बल्लेबाज़ी कितनी हद तक गिल पर निर्भर हो चुकी है।
अब कप्तानी कौन संभालेगा गुवाहाटी में?
शुभमन गिल के बाहर होने के बाद नज़र अब उप-कप्तान ऋषभ पंत पर है। पंत ने पहले टेस्ट में भी गिल की अनुपस्थिति में कप्तानी की थी। अब दूसरे टेस्ट में भी टीम की कमान उनके हाथों में रहने की संभावना है। पंत आक्रामक खेल के लिए जाने जाते हैं और उनकी कप्तानी का अंदाज़ भी तेज और जोखिम भरा माना जाता है। गुवाहाटी में उन्हें शांत दिमाग के साथ सही फैसले लेने होंगे। गेंदबाज़ों की सही रोटेशन और बल्लेबाज़ी क्रम तय करना भी बड़ी जिम्मेदारी होगी।
किसे मिलेगा प्लेइंग इलेवन में मौका अब?
गिल के बाहर होने के बाद सबसे बड़ा सवाल यह है कि उनकी जगह कौन खेलेगा। रिपोर्ट्स के अनुसार युवा बल्लेबाज़ साई सुदर्शन को प्लेइंग इलेवन में शामिल किया जा सकता है। घरेलू क्रिकेट और लिमिटेड ओवर फॉर्मेट में साई ने अच्छी फॉर्म दिखाई है। लेकिन टेस्ट क्रिकेट का दबाव अलग होता है और वह भी ऐसी स्थिति में जब सीरीज़ बचाना हो। टीम मैनेजमेंट को तय करना होगा कि उन्हें ओपनिंग में उतारा जाए या मिडल ऑर्डर में। अनुभवी खिलाड़ी भी ज़िम्मेदारी लेने के लिए तैयार रहेंगे।
BCCI ने क्या कहा मेडिकल अपडेट में?
BCCI ने बयान जारी कर बताया कि कोलकाता टेस्ट के दूसरे दिन शुभमन गिल को गर्दन में तेज दर्द हुआ था। मैच के बाद उन्हें स्कैन और जांच के लिए अस्पताल ले जाया गया। अगले दिन उन्हें डिस्चार्ज कर दिया गया और फिलहाल उनकी रिकवरी चल रही है। बोर्ड ने यह भी कहा कि गिल टीम के साथ 19 नवंबर को गुवाहाटी यात्रा करेंगे, लेकिन मेडिकल सलाह के बाद ही उनके खेलने पर फैसला होगा। अब साफ है कि वे केवल टीम के साथ रहेंगे, मैदान पर नहीं उतरेंगे।
सीरीज़ और कप्तान बावुमा का क्या है समीकरण?
दक्षिण अफ्रीका के कप्तान टेम्बा बावुमा का टेस्ट रिकॉर्ड बेहद मजबूत माना जा रहा है। उनकी कप्तानी में टीम ने 11 में से 10 टेस्ट जीते हैं और एक ड्रॉ रहा है। इस रिकॉर्ड के कारण भारत के लिए चुनौती और कड़ी हो जाती है। गुवाहाटी टेस्ट में जीत ही भारत के लिए सीरीज़ बराबर करने का एकमात्र रास्ता है। ड्रॉ या हार की स्थिति में सीरीज़ दक्षिण अफ्रीका के नाम हो जाएगी। शुभमन गिल की गैरमौजूदगी में भारतीय टीम को पूरे दमखम के साथ उतरना होगा और बल्लेबाज़ी तथा गेंदबाज़ी दोनों विभागों में बेहतरीन प्रदर्शन करना पड़ेगा।
























