डॉक्टरों के अनुसार गर्मियों में किडनी स्टोन के मामलों में तेजी से बढ़ोतरी होती है। खासकर मई और जून के महीनों में अस्पतालों में ऐसे मरीज ज्यादा देखने को मिलते हैं। इसकी सबसे बड़ी वजह शरीर में पानी की कमी होती है। गर्मी में शरीर से ज्यादा पसीना निकलता है। अगर इस दौरान पानी कम पिया जाए तो पेशाब गाढ़ा हो जाता है। ऐसे में शरीर के अंदर मौजूद मिनरल्स जमा होने लगते हैं। धीरे-धीरे यही मिनरल्स क्रिस्टल बनाते हैं। बाद में यही क्रिस्टल पथरी का रूप ले लेते हैं।
डिहाइड्रेशन कैसे बनाता पथरी
गर्मियों में डिहाइड्रेशन किडनी स्टोन बनने का बड़ा कारण होता है। जब शरीर में पानी कम हो जाता है तो पेशाब कम बनने लगता है। इससे शरीर के अंदर मौजूद कैल्शियम, ऑक्सलेट और यूरिक एसिड बाहर नहीं निकल पाते। ये तत्व किडनी में जमा होने लगते हैं। धीरे-धीरे ये छोटे-छोटे कण आपस में जुड़ जाते हैं। समय के साथ ये कण पथरी में बदल जाते हैं। इसलिए डॉक्टर हमेशा ज्यादा पानी पीने की सलाह देते हैं। गर्मियों में शरीर को हाइड्रेट रखना बहुत जरूरी होता है।
खानपान से क्यों बढ़ता खतरा
खानपान की गलत आदतें भी किडनी स्टोन का खतरा बढ़ा सकती हैं। गर्मियों में लोग अक्सर फास्ट फूड और प्रोसेस्ड फूड ज्यादा खाने लगते हैं। इन खाद्य पदार्थों में नमक की मात्रा ज्यादा होती है। ज्यादा नमक शरीर में कैल्शियम की मात्रा बढ़ा देता है। इससे पथरी बनने का खतरा भी बढ़ जाता है। इसके अलावा जंक फूड शरीर के मेटाबॉलिज्म को भी प्रभावित करता है। इसलिए डॉक्टर संतुलित और ताजा भोजन करने की सलाह देते हैं।
कौन से भोजन बढ़ाते जोखिम
कुछ खाद्य पदार्थों में ऑक्सलेट नाम का तत्व ज्यादा होता है। अगर इनका सेवन बहुत ज्यादा किया जाए तो किडनी स्टोन का खतरा बढ़ सकता है। पालक, चाय, चॉकलेट और कुछ तरह के नट्स में ऑक्सलेट अधिक पाया जाता है। गर्मियों में इन चीजों का ज्यादा सेवन नुकसानदेह हो सकता है। हालांकि इन्हें पूरी तरह छोड़ने की जरूरत नहीं होती। लेकिन इनका सेवन संतुलित मात्रा में करना जरूरी है। सही और संतुलित आहार किडनी को स्वस्थ रखने में मदद करता है।
व्यायाम क्यों है जरूरी
स्वस्थ जीवन के लिए नियमित व्यायाम बहुत जरूरी होता है। अगर व्यक्ति ज्यादा समय तक बैठा रहता है तो शरीर का मेटाबॉलिज्म धीमा हो जाता है। इससे शरीर में मिनरल्स जमा होने की संभावना बढ़ जाती है। यही कारण है कि निष्क्रिय जीवनशैली किडनी स्टोन के खतरे को बढ़ा सकती है। रोजाना हल्का व्यायाम करने से शरीर सक्रिय रहता है। इससे शरीर की कई समस्याओं से बचाव होता है। इसलिए हर उम्र के लोगों को नियमित रूप से व्यायाम करना चाहिए।
क्या होते पथरी के लक्षण
किडनी स्टोन होने पर शरीर कुछ खास संकेत देता है। सबसे आम लक्षण कमर या पेट के एक तरफ तेज दर्द होना है। इसके अलावा पेशाब करते समय जलन भी हो सकती है। कई बार पेशाब में खून भी आ सकता है। बार-बार पेशाब लगना भी इसका एक संकेत होता है। कुछ मरीजों को मतली और उल्टी की शिकायत भी होती है। कभी-कभी बुखार भी आ सकता है। ऐसे लक्षण दिखने पर तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए।
कैसे करें पथरी से बचाव
किडनी स्टोन से बचने का सबसे आसान तरीका शरीर को हाइड्रेट रखना है। डॉक्टरों के अनुसार रोजाना कम से कम तीन लीटर पानी पीना चाहिए। पर्याप्त पानी पीने से शरीर के मिनरल्स आसानी से बाहर निकल जाते हैं। इसके अलावा नींबू पानी, नारियल पानी और छाछ पीना भी फायदेमंद होता है। नमक और जंक फूड का सेवन कम करना चाहिए। संतुलित आहार और नियमित व्यायाम से पथरी का खतरा काफी हद तक कम किया जा सकता है।

























