केंद्र सरकार ने सिख फॉर जस्टिस (एसएफजे) पर प्रतिबंध पांच साल के लिए बढ़ा दिया है। जिले के डिप्टी कमिश्नर विक्रम सिंह के मुताबिक, केंद्र सरकार ने अपने नोटिफिकेशन में कहा है कि सिख फॉर जस्टिस ऐसी गतिविधियों में शामिल है जो देश की अखंडता और सुरक्षा के लिए खतरा है. अब यह संगठन पंजाब और अन्य स्थानों पर राष्ट्रविरोधी और विध्वंसक गतिविधियों में शामिल है। इस संबंध में गृह मंत्रालय ने अधिसूचना भी जारी कर दी है.
नोटिफिकेशन में कही गईं ये बातें
अधिसूचना में कहा गया है कि देश की अखंडता और संप्रभुता पर हमला करने के आरोप में इस संगठन के खिलाफ यह कार्रवाई की गई है. यह संगठन अलग खालिस्तान राष्ट्र बनाने में सक्रिय रहा है। यह संगठन लगातार देश विरोधी गतिविधियों को अंजाम दे रहा है.
कनाडाई मंत्री ने दिया समर्थन
गृह मंत्रालय का यह नोटिफिकेशन ऐसे समय आया है जब हाल ही में कनाडा के एक मंत्री ने भारत की क्षेत्रीय अखंडता का समर्थन किया था और गुरपतवंत सिंह पन्नू ने उन पर जहर उगला था. गौरतलब है कि कनाडा के उप विदेश मंत्री डेविड मॉरिसन ने कहा है कि ‘भारत एक है’ और इसकी संप्रभुता का सम्मान किया जाना चाहिए. उनके इस बयान के बाद खालिस्तान समर्थकों में दहशत का माहौल है.

























