लखनऊ और कोलकाता के बीच मुकाबले के दौरान एक ऐसा पल आया जिसने पूरे मैच का माहौल बदल दिया और अंगकृष रघुवंशी को एक अजीब तरीके से आउट करार दिया गया और इस फैसले ने खिलाड़ियों के साथ-साथ दर्शकों को भी चौंका दिया और मैदान पर अचानक तनाव बढ़ गया।
कैसे आउट हुए रघुवंशी?
यह घटना कोलकाता की पारी के पांचवें ओवर में हुई जब बल्लेबाज ने शॉट खेलकर रन लेने की कोशिश की और दूसरे छोर से उन्हें वापस भेज दिया गया और जब वह क्रीज की ओर लौट रहे थे तभी वह थ्रो के रास्ते में आ गए और विरोधी टीम ने अपील कर दी जिसके बाद अंपायर ने उन्हें आउट दे दिया।
क्या था थर्ड अंपायर का फैसला?
मैदान पर अपील के बाद मामला थर्ड अंपायर के पास गया और रिप्ले देखने के बाद फैसला दिया गया कि बल्लेबाज ने फील्डिंग में बाधा डाली है और इसी आधार पर उन्हें आउट करार दिया गया हालांकि कई लोगों का मानना है कि यह जानबूझकर नहीं था और फैसला विवादित नजर आया।
क्यों भड़के खिलाड़ी?
अंपायर का फैसला आते ही रघुवंशी गुस्से में आ गए और उन्होंने मैदान पर ही अंपायर से बहस की और जब वह वापस लौटने लगे तो उन्होंने अपना हेलमेट जमीन पर पटक दिया और बल्ले से भी गुस्सा जाहिर किया जिससे यह साफ हो गया कि वह इस फैसले से खुश नहीं थे।
कितने खिलाड़ी हुए ऐसे आउट?
आईपीएल इतिहास में यह बहुत ही कम देखने को मिलता है और रघुवंशी इस तरह आउट होने वाले चौथे खिलाड़ी बन गए हैं और उनसे पहले यूसुफ पठान अमित मिश्रा और रविंद्र जडेजा इस तरह आउट हो चुके हैं जिससे यह मामला और खास बन गया है।
क्या कहता है नियम?
क्रिकेट के नियम के मुताबिक अगर कोई बल्लेबाज रन लेते समय जानबूझकर फील्डर के थ्रो के रास्ते में आता है तो उसे ऑब्स्ट्रक्टिंग द फील्ड के तहत आउट दिया जा सकता है और इसमें यह जरूरी नहीं है कि गेंद स्टंप्स पर लगती या नहीं बल्कि इरादा महत्वपूर्ण होता है।
क्या बढ़ेगा आगे विवाद?
इस फैसले के बाद सोशल मीडिया पर बहस तेज हो गई है और फैंस अलग-अलग राय दे रहे हैं और कई लोग इसे गलत फैसला बता रहे हैं जबकि कुछ नियम के हिसाब से इसे सही मान रहे हैं और अब यह देखना होगा कि आगे इस पर क्या प्रतिक्रिया आती है।
























